Hemp is food: केंद्र सरकार के हेम्प सीड को खाने में इस्तेमाल की इज़ाजत देने के बाद अब आने वाले समय में देश में हेम्प सीड से बने आटे और इसकी रेडिमेड डिश बाज़ार में आ सकती है। सीड में बड़ी मात्रा में प्रोटीन और ओमेगा3 होने के कारण ये देश में न्यूट्रीशन क्षेत्र में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। फिलहाल देश में हेम्प का पूरा कारोबार करीब 70 से 80 करोड़ रुपये तक का है, इसमें औषधी में इस्तेमाल होने वाले हेम्प लीव भी शामिल हैं। उम्मीद जताई जा रहा है कि अगले कुछ सालों में ये करीब 300-400 करोड़ रुपये तक जा सकती है।
हेम्प सेक्टर में रिसर्च कर रहे इनकेयर लैब के रोहित चौहान के मुताबिक दुनिया के बहुत सारे देशों में हेम्प सीड को प्रोटीन और ओमेगा 3 के लिए खाने में इस्तेमाल किया जाता है। ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, यूरोप, कनाडा और अमेरिका में इसके उपयोग को बहुत पहले ही मंजूरी दी जा चुकी है। हेम्प के पौधे के बीज में बड़ी मात्रा में प्रोटीन और ओमेगा3 होता है। इसलिए इसकी बनाई गई डिश में बड़ी मात्रा में न्यूट्रीशन होंगे, जोकि प्रोटीन की कमी को पूरा कर सकें।
अनंता हेम्प वर्क्स के विक्रम बीर सिंह ने बताया कि इस FSSAI के नोटिफिकेशन से पहले हेम्प सीड का इस्तेमाल खाने में इस्तेमाल करना अवैध था। लेकिन अब नोटिफिकेशन आ गया है। अगले कुछ समय में आटा, चॉक्लेट, बिस्किट आदि में अब हेम्प सीड का इस्तेमाल किया जा सकेगा। अब ये एक प्रोसेस्ड फूड की तरह इस्तेमाल किया जा सकेगा। अभी तक हेम्प का इस्तेमाल दवाओं और कॉस्मेटिक्स में ही हो रहा था। लेकिन अब इससे खाने के कई तरह के आइटम बनाए जा सकेंगे।
नोएग्रा के विपुल गुप्ता ने ayurvedindian.com ने बताया कि अब तक लोगों को ये पता नहीं था कि हेम्प क्या है। लेकिन इस पॉलिसी के बाद अब हम लोगों के बीच इसका विज्ञापन कर पाएंगे। इससे लोगों के बीच इसकी पहुंच बनेगी। अब इस पॉलिसी के बाद फूड और ब्रेबरेज में हेम्प का इस्तेमाल बढ़ जाएगा। लिहाजा इस सेक्टर में निवेश भी बढ़ेगा।
BRICS New Delhi Declaration Recognises Traditional Medicine for UHC
BRICS New Delhi Declaration unanimously recognises the role of Traditional, Complementary and Integrative Medicine in Universal Health Coverage, says Ayush Minister Prataprao Jadhav. New Delhi: Union Ayush Minister Prataprao Jadhav…





