Eating on time will prevent obesity: देर से खाना बनता है मोटापे का कारण

Eating on time will prevent obesity यदि आप खाना खाते समय कुछ लापरवाही करते हैं तो इसका असर आपके पूरे स्वास्थ्य पर पड़ जाता है और आयुर्वेद खाने, उसके समय और उसकी मात्रा को लेकर शुरू से ही सचेत करता रहा है। मॉडर्न साइंस भी इस विषय पर लगातार रिसर्च कर रही है। एक नई रिसर्च के मुताबिक अगर आप देर से खाना खाते हैं तो यह आपको ना सिर्फ मोटा करेगा, बल्कि ये बीमारियों आमंत्रित करने वाला है। एक रिसर्च जनरल सेल मेटाबॉलिज्म में प्रकाशित एक रिसर्च के मुताबिक यदि आप दिन में या शाम को देरी से खाना खाते हैं तो इससे भूख का स्तर कम हो जाता है और शरीर में कार्बोहाइड्रेट जमा होना शुरू हो जाता है। देर से खाना खाने के कारण शरीर में कैलोरी कम बनती होती है और इस वजह से मोटापा तेजी से बढ़ने लगता है। इस समय देश-दुनिया में लाखों-करोड़ों लोग अपने मोटापे से परेशान है और उसका मुख्य कारण खाने का समय है।

Food habits in Ayurveda: अगर बीमार नहीं होना चाहते तो भूख लगने पर कितना खाएं?

बोस्टन के ब्रिघम एंड वूमेन हॉस्पिटल के न्यूरोसाइंटिस्ट फ्रेंक शिर के मुताबिक हम उन तंत्रों का परीक्षण करना चाहते थे जो बता सकते हैं कि देर से खाना खाने से मोटापा क्यों बढ़ जाता है। हमें पता चला कि बस कुछ घंटे पहले भोजन करने मोटापे का जोखिम काफी कम किया जा सकता है। शीर के मुताबिक मोटापे की वजह से शुगर और कैंसर जैसी बड़ी बीमारियां भी हो सकती है। इसीलिए समय से खाना खाना बहुत ही महत्वपूर्ण है, हजारों सालों से आयुर्वेद भी इस बात की पुष्टि करता रहा है। ठीक समय पर खाना खाना बीमारियों को दूर रखता है, साथ आप क्या खा रहे हैं इसकी वजह से भी बीमारी दूर रखी जा सकती है।

आयुर्वेद में हज़ारों साल पहले ये तथ्य दुनिया को बताया

आयुर्वेद में 5000 सालों से खाने और समय के संबंध को बताया गया है। आयुर्वेद की सभी पुस्तकों चरक सहिंता, सुश्रुत संहिता और आष्टांगसंग्रह में जठाग्नि के प्रज्वलित होने और उसी समय भोजन करने को बार बार बताया गया है। देरी से भोजन करने से ये अग्नि शांत पड़ जाती है और इसी वजह से भोजन पूरी तरह से पच नहीं पाता है। इस अपच के कारण ही सारी बीमारियां होती है। इसमें मोटापा, शुगर, थाइराइड और कैंसर जैसी बीमारियां प्रमुख हैं।

  • Related Posts

    AIIA New Delhi has launched the six-month Garbhini Mitra course for 2026–27

    AIIA New Delhi has launched the six-month Garbhini Mitra course for 2026–27. Check eligibility, August 31 deadline, curriculum and career opportunities. New Delhi: The All India Institute of Ayurveda (AIIA),…

    Ayurveda research के जरिए भारत बनेगा wellness का ग्लोबल हब

    Union Ayush Minister Prataprao Jadhav launched CCRAS-PARAMPARA, Ayur-Dict app, and new digital research platforms to strengthen evidence-based Ayurveda, promote AI-driven research, and position India as a global Ayurveda and wellness…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    Ayurveda Ecosystem: Research, Education, Standards & Global Growth

    Ayurveda Ecosystem: Research, Education, Standards & Global Growth

    Kamla Trust Steps Up Relief Efforts for Assam Flood Victims

    Kamla Trust Steps Up Relief Efforts for Assam Flood Victims

    AIIA New Delhi has launched the six-month Garbhini Mitra course for 2026–27

    AIIA New Delhi has launched the six-month Garbhini Mitra course for 2026–27

    Ayurveda research के जरिए भारत बनेगा wellness का ग्लोबल हब

    Ayurveda research के जरिए भारत बनेगा wellness का ग्लोबल हब

    आरोग्य भारती का मुख्य आधार प्रिवेंटिव हेल्थकेयर: डॉ. अशोक वार्ष्णेय

    आरोग्य भारती का मुख्य आधार प्रिवेंटिव हेल्थकेयर: डॉ. अशोक वार्ष्णेय

    दुनिया भर में “Cool Wellcation” का ट्रेंड, गर्मियों की बीमारियों का इलाज है ठंडे इलाके

    दुनिया भर में “Cool Wellcation” का ट्रेंड, गर्मियों की बीमारियों का इलाज है ठंडे इलाके